अल्मोड़ा: कसार देवी के डीनापानी में आयोजित ‘जात्रा द कसार फेस्टिवल 2026’ में इन दिनों उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति और साहसिक खेल गतिविधियों का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है. महोत्सव का आनंद लेने के लिए देश-विदेश से आए पर्यटकों के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी पहुंच रहे हैं. रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और रोमांचक गतिविधियों ने पूरे आयोजन को उत्साह व उल्लास से भर दिया है.
फेस्टिवल के दौरान डीनापानी मैदान में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, तो वहीं निकटवर्ती गड़ोली गांव में पैराग्लाइडिंग का विशेष आयोजन लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. साहसिक खेल पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित इस गतिविधि को देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक मौके पर पहुंचे.
आसमान में उड़ते पैराग्लाइडरों का मनमोहक दृश्य लोगों को रोमांचित करता नजर आया. पैराग्लाइडिंग डेमोंस्ट्रेशन के दौरान प्रतिभागियों ने सुरक्षित और सफल उड़ान भरते हुए अपने कौशल का शानदार प्रदर्शन किया. दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया. युवाओं और पर्यटकों में इस साहसिक खेल को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला.
वहीं, सांस्कृतिक संध्या में कुमाऊं की समृद्ध लोक परंपराओं की शानदार झलक देखने को मिली. लोक कलाकारों ने झोड़ा, चांचरी, जागर समेत अनेक पारंपरिक लोकनृत्य और लोकगीतों की मनमोहक प्रस्तुतियां दीं. कार्यक्रमों के दौरान स्थानीय लोग भी लोकगीतों की धुन पर जमकर थिरकते नजर आए. बच्चों और स्थानीय कलाकारों ने भी अपनी प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन कर दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया.
