पाकिस्तान:पाकिस्तान में अपराध की दुनिया से जुड़े कई नाम समय-समय पर सुर्खियों में रहे हैं. इन सबके बीच एक लेडी डॉन का नाम सबसे ज्यादा चर्चा में रहता है. ये नाम है लेडी डॉन पिंकी. कराची में कथित तौर पर संचालित एक बड़े ड्रग्स नेटवर्क को लेकर पिंकी का नाम सामने आया था. इसके बाद उसे गिरफ्तार किया गया. पुलिस में पिंकी का खौफ इतना था कि गिरफ्तारी के बाद भी उसे हथकड़ी नहीं लगा पाई. यहां तक कि जज ने भी उसे रिमांड पर भेजने से मना कर दिया. डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, पिंकी का असली नाम संध्या उर्फ शाहजादी बताया जाता है. बाद में उसने अपना नाम अनमोल रख लिया. वह पाकिस्तान के पंजाब प्रांत, खासकर लाहौर और उसके आसपास के इलाकों में एक्टिव रहती है. रिपोर्ट के मुताबिक, पिंकी का कनेक्शन कुख्यात अपराधी नेटवर्क और गैंगस्टरों से रहा है. धीरे-धीरे उसने खुद भी अपराध की दुनिया में एक अलग पहचान बना ली.
रिपोर्ट के मुताबिक, पिंकी शुरुआत में छोटे-मोटे आपराधिक नेटवर्क से जुड़ी थी. बाद में उसने बड़े गैंग्स के साथ काम करना शुरू कर दिया. पाकिस्तान के कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि उसका नाम जबरन वसूली, अपहरण, फिरौती और ड्रग्स तस्करी जैसे मामलों में सामने आया. अपराध जगत में उसकी पहचान सिर्फ इसलिए नहीं बनी कि वह महिला थी, बल्कि इसलिए भी क्योंकि वह अपने नेटवर्क को बेहद चालाकी से चलाती थी.पाकिस्तान के मीडिया ने उसे लेडी डॉन कहना शुरू किया. अपराध की दुनिया में उसका प्रभाव तेजी से बढ़ रहा था. आमतौर पर गैंगवार और माफिया नेटवर्क पुरुषों से जुड़े माने जाते हैं, लेकिन पिंकी ने इस धारणा को तोड़ दिया.
लेडी डॉन पिंकी की लाइफस्टाइल भी चर्चा में रहती थी. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वह महंगे कपड़े, लग्जरी गाड़ियां और हाई-प्रोफाइल लाइफ स्टाइल पसंद करती थी. सोशल सर्कल में उसकी पहुंच कई प्रभावशाली लोगों तक बताई जाती थी. यही वजह थी कि उसका नाम अक्सर सनसनीखेज खबरों में दिखाई देता था.पिंकी के खिलाफ 9 मई को हत्या के मामले में एक FIR दर्ज की गई. कराची के लियारी इलाके में 7 अप्रैल को फुटपाथ पर एक शव मिला था. पुलिस ने इस शव के पास से एक गोल्डन बॉक्स जब्त किया. इसमें ‘Queen Madam Pinky Don, name is enough, enjoy’ लिखा हुआ था. इसी के आधार पर पुलिस ने लेडी डॉन के ठिकानों पर छापामारी शुरू की.
जब पिंकी के राइडर्स को पुलिस ने पकड़ लिया, तो उसने एक ‘कामरान’ नाम के पुलिसकर्मी को राइडर्स को छोड़ने के बदले लगभग 2 करोड़ रुपये की रिश्वत दी थी. पिंकी अपने नेटवर्क में किसी भी ऐसे व्यक्ति को नहीं रखती थी जिस पर पुलिस को संदेह होता था. अगर नेटवर्क का कोई सदस्य पकड़ा जाता तो उसे तत्काल सिंडिकेट से बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता था. रिपोर्ट्स के मताबिक, पिंकी पर नेटवर्क को बचाने और कार्रवाई से बचने के लिए अधिकारियों को 10 करोड़ रुपये से ज्यादा की रिश्वत देने का भी आरोप है.
बताया जा रहा है कि पिंकी ने नेटवर्क को संरक्षण देने के लिए कथित तौर पर एक DSP रैंक के अधिकारी के साथ शादी भी की थी. पिंकी इतना शातिर खिलाड़ी थी कि उसने ड्रग्स की सप्लाई को मेंटेन रखने के लिए महिला कुरियर और रेलवे नेटवर्क का इस्तेमाल किया. आईडी कार्ड ब्लाक होने के बाद उस पर कथिततौर पर ‘समीर’ नाम से बैंक अकाउंट खोलकर लेनदेन करने का भी आरोप है. ड्रग नेटवर्क में इस्तेमाल होने वाले मोबाइल सिम फज़ल और सबा बीबी के नाम पर रजिस्टर्ड बताए जा रहे हैं. पुलिस की जांच जारी है.

